नई दिल्ली. सीबीआई ने कथित आईसीआईसीआई बैंक-वीडियोकॉन लोन धोखाधड़ी मामले में आईसीआईसीआई बैंक की पूर्व एमडी और सीईओ चंदा कोचर और दीपक कोचर को गिरफ्तार किया है. सीबीआई ने चंदा कोचर, उनके पति और वीडियोकॉन ग्रुप के वेणुगोपाल धूत के साथ-साथ नूपावर रिन्यूएबल्स, सुप्रीम एनर्जी, वीडियोकॉन इंटरनेशनल इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड और वीडियोकॉन इंडस्ट्रीज लिमिटेड को आपराधिक साजिश से संबंधित आईपीसी की धाराओं के तहत दर्ज प्राथमिकी में आरोपी बनाया था.
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आरोप है कि वीडियोकॉन के प्रमोटर वेणुगोपाल धूत ने 2012 में आईसीआईसीआई बैंक से वीडियोकॉन समूह को 3,250 करोड़ रुपए का कर्ज मिलने के बाद कथित तौर पर नूपावर में करोड़ों रुपए का निवेश किया. सीबीआई ने 2019 में प्राथमिकी दर्ज करने के बाद एक बयान में कहा था कि यह आरोप लगाया गया था कि आरोपियों ने आईसीआईसीआई बैंक को धोखा देने के लिए आपराधिक साजिश में निजी कंपनियों को कुछ लोन मंजूर किए थे. चंदा कोचर ने अक्टूबर 2018 में आईसीआईसीआई बैंक के सीईओ और प्रबंध निदेशक के रूप में इस्तीफा दे दिया था. उन पर आरोप लगाया गया था कि उन्होंने एक उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स और तेल और गैस अन्वेषण कंपनी वीडियोकॉन ग्रुप को फेवर किया था.
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