नई दिल्ली. जम्मू-कश्मीर के लवेपोरा इलाके में आतंकियों के साथ हुई मुठभेड़ में सीआरपीएफ का एक जवान शहीद हो गया. बुधवार को लवेपोरा में सुरक्षाबलों को आतंकियों के होने की खबर मिली थी, जिसके बाद सुरक्षाबलों ने इलाके में सर्च अभियान चलाया और इलाके की घेराबंदी की. इसी दौरान आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर गोलीबारी शुरू कर दी. जिससे सीआरपीएफ के जवान रमेश रंजन के सिर में गोली लग गई. गोली लगने के बाद भी रमेश ने रायफल संभाली और जवाबी फायर शुरू कर दिया. जमीन पर गिरते-गिरते रमेश ने दो आतंकी ढेर कर दिए. फायरिंग की आवाज सुन बाकी जवान अलर्ट हो गए और दो और आतंकियों को मौत के घाट उतार दिया. रमेश रंजन को अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें शहीद घोषित कर दिया गया. रमेश रंजन बिहार के भोजपुर जिले के रहने वाले थे.
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मौत के बाद उनके घर पर सूचना दी गई कि मुठभेड़ में जवान रमेश रंजन शहीद हो गए हैं. रंजन की मौत के बाद श्रीनगर के सीआरपीएफ कैंप में उनको अंतिम विदाई दी गई. जानकारी के मुताबिक, उनके पार्थिव शरीर को एयरलिफ्ट करके पहले दिल्ली लाया जाएगा फिर उनके पैतृक निवास (बिहार) को भेजा जाएगा. शहीद जवान रमेश रंजन वर्ष 2011 में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल 73 बटालियन में कॉन्स्टेबल पद पर बहाल हुए थे और उनकी पहली पोस्टिंग संभलपुर ओड़िशा में हुई थी, बाद में उनकी पोस्टिंग जम्मू-कश्मीर में कर दी गई थी. जवान की शादी दो साल पहले ही हुई थी. सीआरपीएफ के महानिदेशक (डीजी) एपी माहेश्वरी ने कहा, हम अपने उस भाई को सलाम करते हैं, जिसने देश की रक्षा के लिए अपनी जान गंवा दी. हमारी सहानुभूति शहीद के परिजन और करीबियों के साथ है.









