नई दिल्ली. भारतीय नौसेना ने गुरुवार को अरब सागर में ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल का सफल परीक्षण किया है. इस उपलब्धि के बाद देश की रक्षा प्रणाली और मजबूत हो गई है. इस मिसाइल को रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) ने विकसित किया है. इससे पहले वायुसेना ने अंडमान निकोबार के ट्रॉक द्वीप में सोमवार और मंगलवार को ब्रह्मोस मिसाइल का सफल परीक्षण किया था.21 और 22 अक्तूबर को ये दोनों मिसाइलें दागी गईं. इसने 300 किलोमीटर दूर स्थित लक्ष्य पर सटीक निशाना लगाते हुए उसे ध्वस्त कर दिया था.
http://पत्नी ने सेव की सब्ज़ी नहीं बनाई तो घर छोड़कर चला गया पति, ऐसे हुआ समझौता
जमीन से जमीन पर हमला करने के लिए ब्रह्मोस सफल मिसाइल मानी जाती है. यह मध्यम रेंज की एक ऐसी सुपरसोनिक मिसाइल है, जिसे किसी एयरक्राफ्ट, शिप या छोटे प्लेटफॉर्म से भी दागा जा सकता है. इस क्रूज मिसाइल को थल, जल और हवा से दागा जा सकता है. इसकी मारक क्षमता अचूक है. इस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल की गति ध्वनि की गति से लगभग तीन गुना अधिक है. ब्रह्मोस क्रूज मिसाइल ध्वनि के वेग से करीब तीन गुना अधिक 2.8 मैक गति से लक्ष्य पर प्रहार करती है. इसके दागे जाने के बाद दुश्मन को संभलने का मौका भी नहीं मिलता है.
http://नगरीय निकाय चुनाव के लिए कांग्रेस की प्रदेश चुनाव समिति घोषित









