बलौदाबाजार. राज्य शासन के नए निर्देश एवं जिला कलेक्टर कार्तिकेया गोयल के मार्गदर्शन में जिला पंचायत सीईओ आशुतोष पाण्डेय ने एक नया आदेश जारी किया है. जिसके तहत जिला में किसी भी महिला पंचायत प्रतिनिधियों के कार्यों में उनके रिश्तेदारो के हस्तक्षेप को पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है. जिला पंचायत सीईओ आशुतोष पाण्डेय ने बताया इसके अंतर्गत पंच, सरपंच, जनपद पंचायत सदस्य, जिला पंचायत सदस्यों आदि में किसी भी महिला सदस्यों के पति, बेटा, बेटी अन्य सगे संबंधी, रिश्तेदार उनके कार्यों में हस्तक्षेप नहीं कर सकते हैं.
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उनके रिश्तेदार द्वारा किसी भी तरह सलाह देना, मीटिंग में शामिल होना प्रतिबंधित रहेगा. पंचायत प्रतिनिधियों द्वारा इन नियमों उल्लंघन करने पर कोई भी व्यक्ति जनपद पंचायत सीईओ से शिकायत कर सकते हैं. इन सभी पंचायत प्रतिनिधियों पर उक्त नियमों का उल्लंघन करने पर पंचायती राज अधिनियम के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी. गौरतलब है कि राज्य शासन द्वारा 50 प्रतिशत सीटों का आरक्षण महिला सदस्यों के लिए होते है. जिस कारण बहुत से पंचायत प्रतिनिधियों के रिश्तेदार उनके कार्यों में बेवजह दखल कर प्रशासनिक कार्यों को भी बाधित करते हैं.
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