रायपुर. भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष विजय शर्मा ने प्रदेश के हर वर्ग के साथ छलावा करने का आरोप लगाकर प्रदेश सरकार पर फिर निशाना साधा है. श्री शर्मा ने कहा कि शिक्षाकर्मियों को 8 के स्थान पर 2 वर्षों में संविलियन की घोषणा भी धरी की धरी रह गई है और वे प्रदेश का ध्यान खींच कर अपने साथ हो रहे अन्याय के खत्म होने की उम्मीद पाले बैठे हैं. उन्होने कहा कि विधानसभा चुनाव के दौरान शिक्षाकर्मियों के संविलियन की जोर शोर से की गई घोषणा का हश्र भी प्रदेश कांग्रेस सरकार की अन्य घोषणाओं की तरह छलावे के रूप में हो गया है. संविलियन की कैटेगरी तय करके प्रदेश सरकार ने शिक्षाकर्मियों को पहला झटका तो दिया ही पर जमीनी सच इससे भी ज्यादा भयानक है.
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प्रदेश के हजारों शिक्षाकर्मियों का अब तक संविलियन नहीं हुआ है और अपने संविलियन की प्रतीक्षा करते हुए वे खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं. श्री शर्मा ने प्रदेश सरकार से अपने घोषणा पत्र के वादे के मुताबिक शिक्षाकर्मियों का तत्काल संविलियन करने की मांग की है. उन्होंने कहा कि सन् 1998 से 2018 तक जो शिक्षाकर्मी एक ही पद पर कार्यरत हैं अर्थात जिन्हें पदोन्नति का लाभ नहीं मिला है उन्हें क्रमोन्नती देने की घोषणा भी कांग्रेस ने की थी परंतु इस विषय पर आज तक सरकार ने एक कदम भी नहीं उठाया है. उन्होने कहा कि संविलियन नहीं होने के कारण शिक्षाकर्मियों को कई दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. पंचायत विभाग से उन्हें दो-तीन माह विलम्ब से वेतन मिल रहा है. इसी तरह वे महंगाई भत्ते से भी वंचित हैं. शिक्षाकर्मियों के लिए स्पष्ट स्थानांतरण नीति नहीं होने के कारण भी उन्हें कई परेशानियां उठानी पड़ रही हैं.
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