नई दिल्ली. खराब स्वास्थ्य की समस्या से जूझ रहीं स्वर कोकिला लता मंगेशकर का रविवार सुबह 92 वर्ष की उम्र में निधन हो गया. वह पिछले करीब एक महीने से मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती थीं. जानकारी के अनुसार सुबह 8.12 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली. आठ जनवरी को वह कोरोना संक्रमित हुई थीं. उन्हें कोरोना के साथ निमोनिया भी हुआ था. उनकी उम्र को देखते हुए डॉक्टर्स ने उन्हें आईसीयू में एडमिट किया था. तब से वह लगातार संघर्ष ही कर रही थीं. इलाज के दौरान बस 2 दिन के लिए उन्हें वेंटिलेटर से हटाया गया था.
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फिर जैसे ही उनकी तबीयत बिगड़ने लगी फिर से लता को वेंटिलेटर सपोर्ट पर लाया गया था. लेकिन अचानक आज उनके निधन की खबर आई जिसने सभी को हिलाकर रख दिया. बता दें कि अपने लगभग 78 साल के करियर में करीब 25 हजार गीतों को अपनी आवाज देने वाली लता मंगेशकर को कई पुरस्कारों और सम्मानों से नवाजा गया था. तीन बार उन्होंने राष्ट्रीय अवार्ड अपने नाम किया था. अपनी मधुर आवाज से लोगों को मोह लेने वाली लता मंगेशकर को प्रतिष्ठित भारत रत्न और दादा साहेब फालके अवार्ड से भी सम्मानित किया गया था.
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