महासमुंद. पुलिस ने अंतरराज्यीय ट्रक चोर गिरोह का शनिवार को पर्दाफाश किया है. पकड़े गए आरोपियों में मास्टर माइंड और कबाड़ दुकानदार समेत 4 शामिल हैं. आरोपियों ने छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र सहित 5 राज्यों से 14 ट्रक चोरी करने की बात स्वीकार की है. पुलिस ने 8.70 लाख रुपए का माल जब्त किया है. पुलिस के अनुसार सरायपाली निवासी रतन अग्रवाल का 10 चक्का ट्रक 4 जून की रात करीब 9 बजे चोरी हो गई. ड्राइवर उसे पुराना सरकारी अस्पताल के सामने खड़ा कर अपने घर गया था. सुबह पहुंचा तो ट्रक वहां नहीं था. पुलिस ने जांच शुरू की तो पता चला कि 2 साल में 4 ट्रकों की चोरी हुई है.
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इसे देखते हुए साइबर सेल की मदद ली गई. पता चला कि कोई गिरोह काम कर रहा है. बाद दूसरे जिलों और आसपास के राज्यों से चोरी का डेटा लिया गया. बाद पुलिस ने महाराष्ट्र के आमगांव, गोंदिया, सामवेर, अमरावती और मध्यप्रदेश के बैतुल, सत्नेर, अठनेर में एक सप्ताह तक कैंप किया. इस दौरान होटल, ढाबा, कबाड़ दुकान, पेट्रोल पंप पर नजर रखी साथ ही वहां लगे करीब 200 CCTV फुटेज खंगाले. इस बीच नागपुर निवासी नंद किशोर खाकरे के बारे में पता चला कि वह ट्रक चोरी का काम करता है. बाद पुलिस ने उसे संदेही मानते हुए आरोपी की तलाश शुरू कर दी. इस दौरान पुलिस ने उसे नागपुर में कढ़मना क्षेत्र के लक्डगंज से पकड़ लिया. वहां भी गोदिया से चोरी किया गया ट्रक खपाने के लिए पहुंचा था.
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पूछताछ में बताया कि उसने ही 4 जून को सरायपाली में पुराना अस्पताल के सामने खड़े ट्रक की चोरी की थी. उसमें से GPS और फास्ट टैग निकाल दिया. फिर धमधा, खैरागढ़, डोगरगढ़ के रास्ते आमगांव, अमरावती होते हुए मध्य प्रदेश के बैतूल ले गया. वहां इंदौर निवासी सलमान मंसूरी को 50 हजार रुपए में बेच दिया. चोरी के ट्रक को राजेंद्र नगर इंदौर निवासी शाहरूख उसे कबाड़ कर देता. फिर उसे चंदन नगर, इंदौर निवासी इमरान पटेल को बेच दिया जाता था. पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है. हालांकि एक आरोपी अभी फरार है. पुलिस ने आरोपियों से ट्रक के पार्ट, काटने का सामान, मोबाइल, नगदी सहित 8.70 लाख रुपए का सामान जब्त किया है.







